गौ माता का आक्रोश या सरकार की नाकामी? बीजेपी नेता की कार से टकराई गाय, क्या अब किसी की जान की आहुति के बाद जागेगी सरकार?

जांजगीर-चांपा जिला पंचायत अध्यक्ष इंजी. सत्यलता मिरी की कार मंगलवार सुबह सिमगा के पास नेशनल हाईवे पर हादसे का शिकार हो गई,, रायपुर से जांजगीर लौटते समय अचानक दौड़ती हुई गाय सड़क पार करते हुए कार के सामने आ गई,, गाय से जोरदार टक्कर के बाद कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई,, राहत की सबसे बड़ी बात यह रही कि जिला पंचायत अध्यक्ष सत्यलता मिरी, उनके पति आनंद मिरी और चालक तीनों सुरक्षित हैं,, लेकिन इस हादसे ने सड़क पर घूमते गौवंश और सरकार की गौ संरक्षण व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है,, बीजेपी सरकार ने सत्ता में आने के बाद गौठान योजना को लेकर सवाल उठाए और गौवंश के संरक्षण के लिए गौधाम बनाने का वादा किया था,, लेकिन ढाई साल से ज्यादा समय बीत जाने के बाद भी गौधाम की योजना को लेकर जमीन पर तस्वीर साफ नहीं है,, दूसरी तरफ सड़कों पर आवारा मवेशियों की समस्या जस की तस बनी हुई है और आए दिन गौवंश के साथ राहगीर भी हादसों का शिकार हो रहे हैं,, सवाल सीधा है—आखिर कितनी जानें जाने के बाद सरकार जागेगी?,, क्या किसी बड़े नेता या मंत्री की जान पर बन आने का इंतजार किया जा रहा है,, जब सरकार के अपने जनप्रतिनिधि की कार सड़क पर गाय से टकराकर हादसे का शिकार हो रही है, तो आम जनता की सुरक्षा का क्या होगा,, अब सरकार को गौधाम के वादे से आगे बढ़कर सड़कों पर गौवंश की समस्या का स्थायी समाधान करना होगा,,












