सावन हरेली पर ‘हर रेड इज ग्रीन’ पुस्तक का विमोचन।

चांपा। सावन हरेली के अवसर पर कबीर धाम, चांपा में कृषि विज्ञान केंद्र और महतारी सेवा समिति द्वारा आयोजित कार्यक्रम में पर्यावरण एक्टिविस्ट काजल कसेर की पुस्तक ‘हर रेड इज ग्रीन’ का विमोचन किया गया।पुस्तक का विमोचन पुलिस अधीक्षक विजय पांडेय, सहायक संचालक उद्यानिकी विभाग रंजना मखीजा और कृषि वैज्ञानिक के.डी. महंत ने किया।पुस्तक में स्त्री के रजोधर्म को स्वास्थ्य के साथ-साथ प्रकृति और पर्यावरण से जोड़ते हुए पर्यावरण-सम्मत मासिक चक्र प्रबंधन पर जोर दिया गया है। लेखिका काजल कसेर ने बताया कि पुस्तक का उद्देश्य माहवारी से जुड़े सामाजिक संकोच को दूर करना और महिलाओं के बीच वैज्ञानिक, स्वास्थ्य एवं पर्यावरणीय दृष्टिकोण से संवाद को बढ़ावा देना है।पुस्तक में माहवारी प्रबंधन के बढ़ते व्यापारवाद और उपभोक्तावादी दृष्टिकोण पर भी सवाल उठाए गए हैं। महिलाओं को अपने शरीर को समझने और टिकाऊ व पर्यावरण-अनुकूल विकल्पों के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया गया है।पुस्तक की सराहना करते हुए एसपी विजय पांडेय ने कहा कि मासिक धर्म एक स्वाभाविक जैविक प्रक्रिया है और ‘हर रेड इज ग्रीन’ जैसे प्रयास महिलाओं के स्वास्थ्य, सम्मान और पर्यावरण संरक्षण के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।कृषि वैज्ञानिक के.डी. महंत ने भी पुस्तक के पर्यावरणीय पक्ष की सराहना करते हुए कहा कि स्वास्थ्य के साथ पर्यावरण के अनुकूल जीवनशैली अपनाना आज की आवश्यकता है।कार्यक्रम में कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों सहित महतारी सेवा समिति की अध्यक्ष रामशीला मानिकपुरी, तान्या अनुरागी पांडेय, अनुराधा शुक्ला, दीनदयाल यादव, डॉ. सुरेश, सुशीला जी, दीपक यादव, श्वेता जायसवाल, रूपेश कंवर सहित विभिन्न सामाजिक संस्थाओं और महिला प्रतिनिधियों की मौजूदगी रही।सावन हरेली जैसे प्रकृति और हरियाली से जुड़े पर्व पर पुस्तक का विमोचन महिला स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण के बीच संबंध का संदेश देता नजर आया।












