कॉलेज देखा नहीं, परीक्षा दी नहीं… फिर भी शिक्षक,एलबी व्याख्याता एवं आत्मानंद स्कूलों में बड़ा फर्जीवाड़ा,सरकारी नौकरी! बाहर की डिग्री, अंदर की सेटिंग से बन रहे व्याख्याता रडार में शिक्षा माफिया की बंटी बबली जोड़ी।
कॉलेज देखा नहीं, परीक्षा दी नहीं… फिर भी शिक्षक,एलबी व्याख्याता एवं आत्मानंद स्कूलों में बड़ा फर्जीवाड़ा,सरकारी नौकरी! बाहर की डिग्री, अंदर की सेटिंग से बन रहे व्याख्याता रडार में शिक्षा माफिया की बंटी बबली जोड़ी।
सीरीज नम्बर 02 रायपुर : छत्तीसगढ़ के शिक्षा विभाग में कथित तौर पर वर्षों से चल रहे एक बड़े फर्जीवाड़े की परतें अब सामने आने लगी हैं। सूचना के अधिकार (आरटीआई) के तहत प्राप्त जानकारियों के आधार पर यह आरोप लगाए जा रहे हैं कि जांजगीर-चांपा जिले सहित शक्ति, रायगढ़ और कोरबा में दर्जनों लोग दूसरे राज्यों से प्राप्त संदिग्ध डिग्रियों के आधार पर सरकारी नौकरी कर रहे हैं।जानकारी के अनुसार, कोई एलबी संवर्ग में व्याख्याता पद पर पदस्थ है तो कोई खेल एवं व्यायाम शिक्षक के रूप में कार्यरत है। अब यही कथित फर्जीवाड़ा स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालयों तक पहुंचने का आरोप लगाया जा रहा है। शिक्षा के मंदिर कहे जाने वाले इन स्कूलों में योग्यता की जगह कथित तौर पर सेटिंग और लेन-देन के आधार पर नियुक्तियां होने की बातें सामने आ रही हैं।
सूत्रों के मुताबिक जिले में एक कथित समाजसेवी एवं व्याख्याता को इस पूरे नेटवर्क का मुख्य सूत्रधार बताया जा रहा है। आरोप है कि वह मोटी रकम लेकर बिना कॉलेज गए, बिना नियमित पढ़ाई और बिना परीक्षा दिए बाहर के राज्यों से डिग्री एवं डिप्लोमा बनवाकर अभ्यर्थियों से फार्म भरवाता है।बताया जा रहा है कि छत्तीसगढ़ में व्याख्याता भर्ती प्रक्रिया अंकों के आधार पर होने का लाभ उठाते हुए अधिक अंक दर्शाए जाते हैं, जिससे अभ्यर्थियों की नियुक्ति आसानी से हो जाती है। यह भी दावा किया जा रहा है कि डिग्री कॉलेज की वेबसाइट पर अपलोड हो जाने के बाद उनकी जांच मुश्किल हो जाती है।एक आरटीआई कार्यकर्ता ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि यदि पूरे मामले की निष्पक्ष और प्रमाणिक जांच कराई जाए, तो जांजगीर-चांपा, शक्ति, बालोद, सारंगढ़, अंबिकापुर, रायगढ़ और कोरबा सहित कई जिलों में पदस्थ व्याख्याता शिक्षकों के संबंध में बड़े खुलासे हो सकते हैं।फिलहाल यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है और शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। मामले में संबंधित विभाग से जांच और कार्रवाई की मांग की जा रही है। आपको बता दे कि सरगना जांजगीर चांपा जिले का रहने वाला एक व्यक्ति है जो खुद पहले फर्जी डिग्री से नौकरी हथियाया फिर पत्नी को दिलाया नौकरी अब लोगों को झांसा देकर ऐंठ रहे 8से 10लाख रुपए कई रसूखदार दार सरकारी नौकरी के नाम लुटा रहे हालांकि शिकायत के बाद सैकड़ों फर्जी नौकरी पाने वालों में हड़कंप मच गया है और रडार में आ गए है बड़े शिक्षा माफिया जिसका खुलासा का डर अब सताने लगा है ??












